<?xml version="1.0" encoding="UTF-8"?><rss version="2.0"
	xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
	xmlns:wfw="http://wellformedweb.org/CommentAPI/"
	xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
	xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom"
	xmlns:sy="http://purl.org/rss/1.0/modules/syndication/"
	xmlns:slash="http://purl.org/rss/1.0/modules/slash/"
	>

<channel>
	<title>Gurupushyamrut Yoga &#8211; Bless TV</title>
	<atom:link href="https://blesstvlive.com/tag/gurupushyamrut-yoga/feed/" rel="self" type="application/rss+xml" />
	<link>https://blesstvlive.com</link>
	<description>Faith and Lifestyle channel</description>
	<lastBuildDate>Thu, 28 Jul 2022 05:54:30 +0000</lastBuildDate>
	<language>en-US</language>
	<sy:updatePeriod>
	hourly	</sy:updatePeriod>
	<sy:updateFrequency>
	1	</sy:updateFrequency>
	

<image>
	<url>https://blesstvlive.com/storage/2018/04/favicon-1.png</url>
	<title>Gurupushyamrut Yoga &#8211; Bless TV</title>
	<link>https://blesstvlive.com</link>
	<width>32</width>
	<height>32</height>
</image> 
	<item>
		<title>गुरु पुष्यमृत योग क्या है? खरीदारी के लिए आज का दिन शुभ है</title>
		<link>https://blesstvlive.com/what-is-guru-pushyamrit-yoga-today-is-a-good-day-for-shopping/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Rohit Sharma]]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 28 Jul 2022 05:59:53 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Hindi]]></category>
		<category><![CDATA[Hindu]]></category>
		<category><![CDATA[Lifestyle]]></category>
		<category><![CDATA[Religion]]></category>
		<category><![CDATA[Best time for shopping]]></category>
		<category><![CDATA[Guru Pushya Nakshatra 2022]]></category>
		<category><![CDATA[Guru Pushya Yoga Auspicious Time]]></category>
		<category><![CDATA[Guru Pushya Yoga Importance]]></category>
		<category><![CDATA[Guru Pushya Yoga Shubh Muhurta]]></category>
		<category><![CDATA[Guru Pushya Yoga Singnificance]]></category>
		<category><![CDATA[Gurupushyamrut 2022 date]]></category>
		<category><![CDATA[Gurupushyamrut Yoga]]></category>
		<category><![CDATA[Gurupushyamrut Yoga 2022]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://blesstvlive.com/?p=16798</guid>

					<description><![CDATA[Gurupushyamrut 2022: हिंदू धर्म में शुभ मुहूर्त में त्योहारों और विशेष अवसरों का विशेष महत्व है। ऐसा माना जाता है कि शुभ मुहूर्त में किया गया कार्य हमेशा फलदायी होता है। आज 28 जुलाई को गुरुपुष्यामृत योग है। इसलिए आज का दिन शुभ कार्यों और खरीदारी के लिए शुभ है। पुष्य नक्षत्र ज्योतिष में बहुत...]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>Gurupushyamrut 2022: हिंदू धर्म में शुभ मुहूर्त में त्योहारों और विशेष अवसरों का विशेष महत्व है। ऐसा माना जाता है कि शुभ मुहूर्त में किया गया कार्य हमेशा फलदायी होता है। आज 28 जुलाई को गुरुपुष्यामृत योग है। इसलिए आज का दिन शुभ कार्यों और खरीदारी के लिए शुभ है। पुष्य नक्षत्र ज्योतिष में बहुत शुभ माना जाता है। खरीदारी के लिए यह योग बहुत शुभ माना जाता है। यह गुरु-पुष्य नक्षत्र 28 जुलाई को पूरे दिन और रात के लिए भी है।</p>
<p>गुरु पुष्यमृत योग का महत्व<br />
यदि पुष्य नक्षत्र गुरुवार को पड़ता है, तो उस दिन &#8216;गुरुपुष्यमृत&#8217; योग होता है। यह योग सभी कार्यों के लिए शुभ माना जाता है। ऐसा माना जाता है कि इस योग में सोना खरीदने से उसका मूल्य बढ़ जाता है। हालांकि यह योग शुभ होने पर भी इस दिन विवाह नहीं किया जाता है। क्योंकि पुष्य नक्षत्र विवाह वर्जित माना जाता है। खरीदारी और निवेश से जुड़ा कोई भी काम करने के लिए यह एक बेहतरीन योग है।</p>
<p>गुरुपुष्यामृत 2021 शुभ मुहूर्त<br />
गुरुपुष्यामृत योग तिथि : 28 जुलाई 2022 (गुरुवार) को है।<br />
गुरु पुष्यमृत योग प्रारंभ: 28 जुलाई 2022 पूर्वाह्न 07:06 बजे<br />
गुरुपुष्यामृत योग समाप्ति : 29 जुलाई 2022 पूर्वाह्न 09:47 बजे</p>
<p>गुरुपुष्यामृत योग की विशेष विशेषताएं<br />
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार पुष्य नक्षत्र को सभी 27 नक्षत्रों में सर्वश्रेष्ठ माना जाता है. पुष्य सभी बुराइयों का नाश करने वाला है। शादी के अलावा कोई भी काम शुरू करने के लिए पुष्य नक्षत्र सबसे अच्छे मुहूर्तों में से एक है। अभिजीत मुहूर्त को नारायण के &#8216;चक्रसुदर्शन&#8217; के समान शक्तिशाली बताया गया है। फिर भी पुष्य नक्षत्र का प्रभाव और इस दिन बनने वाले शुभ मुहूर्त को अन्य मुहूर्तों की तुलना में सबसे अच्छा माना जाता है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>आ रहा है गुरुपुष्यामृत योग, जानिए इस पुष्य नक्षत्र का महत्व</title>
		<link>https://blesstvlive.com/gurupushyamrit-yoga-is-coming-know-the-importance-of-this-pushya-nakshatra/</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[Rohit Sharma]]></dc:creator>
		<pubDate>Thu, 30 Jun 2022 06:22:54 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[Hindu]]></category>
		<category><![CDATA[Lifestyle]]></category>
		<category><![CDATA[News]]></category>
		<category><![CDATA[Religion]]></category>
		<category><![CDATA[astrology news]]></category>
		<category><![CDATA[Gurupushyamrut Yoga]]></category>
		<category><![CDATA[Gurupushyamrut Yoga Date]]></category>
		<category><![CDATA[Gurupushyamrut Yoga June 2022]]></category>
		<category><![CDATA[Gurupushyamrut Yoga significance]]></category>
		<guid isPermaLink="false">https://blesstvlive.com/?p=16633</guid>

					<description><![CDATA[वैदिक हिंदू धर्म में गुरुपुष्यामृत योग का विशेष महत्व है। कैलेंडर के अनुसार साल भर में कई योगों का मिलान होता है। लेकिन गुरुपुष्यामृत योग का एक अलग आध्यात्मिक महत्व है। गुरुवार के दिन पुष्य नक्षत्र का आना गुरुपुष्यामृत योग है. हिंदू धर्म में इस योग को सबसे शुभ योग माना जाता है। इस नक्षत्र...]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[<p>वैदिक हिंदू धर्म में गुरुपुष्यामृत योग का विशेष महत्व है। कैलेंडर के अनुसार साल भर में कई योगों का मिलान होता है। लेकिन गुरुपुष्यामृत योग का एक अलग आध्यात्मिक महत्व है। गुरुवार के दिन पुष्य नक्षत्र का आना गुरुपुष्यामृत योग है. हिंदू धर्म में इस योग को सबसे शुभ योग माना जाता है। इस नक्षत्र को अमृत योग भी कहते हैं। यह योग किसी भी प्रकार के शुभ कार्य के लिए पवित्र मन में जाता है। इसी के अनुसार कल यानि 30 जून को गुरुपुष्यामृत योग आ रहा है. इन दिनों सोना खरीदना, नया व्यवसाय शुरू करना, निवेश करना लाभदायक है। ऐसा माना जाता है कि इस दिन गुरु की सेवा करने से उसके जीवन के सभी प्रकार के दुख दूर हो जाते हैं और सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है।</p>
<p>गुरुपुष्यामृत योग के दिन साधक लक्ष्मी प्राप्ति के लिए श्री यंत्र की पूजा करते हैं। इससे श्रीविद्या मंत्र की पूर्ति करती है। साथ ही इस दिन ज्ञान प्राप्ति के लिए सारस्वत मंत्र का जाप किया जाता है। पुष्य नक्षत्र का ज्योतिष में विशेष महत्व है। यह 27 नक्षत्रों में आठवां नक्षत्र है। इस नक्षत्र में शादियां नहीं होती हैं, लेकिन सोना-चांदी समेत अन्य शुभ कार्यों को करना सबसे अच्छा माना जाता है।</p>
<p>योग गुरुपुष्यमृत के अनुरूप है<br />
पंचांग के अनुसार गुरुपुष्यामृत योग का विशेष महत्व है। यह योगाभ्यास 30 जून को हो रहा है। इस योग के साथ-साथ अन्य शुभ योग भी कल आने वाले हैं। सबसे खास बात यह है कि इसी दिन से आषाढ़ महीने की गुप्त नवरात्रि शुरू होती है। गुप्त नवरात्रि के पहले दिन गुरुपुष्यामृत योग, सर्वार्थ सिद्धि योग, अमृत सिद्धि योग, अदल योग, विद्रूप योग और ध्रुव योग एक साथ आ रहे हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार ये सभी योग एक ही दिन मिलते हैं इसलिए इस दिन का महत्व कई गुना बढ़ गया है। इस दौरान कोई भी नया काम शुरू करना और धार्मिक कार्य करना शुभ माना जाता है। विवाद निपटाने, समझौता करने और क्रोधित लोगों को मनाने के लिए ये योग शुभ हैं। इतना ही नहीं इस योग की मदद से व्यक्ति सफलता प्राप्त कर सकता है। इससे सुख-समृद्धि भी आती है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
	</channel>
</rss>
